सुपौल। कला, संस्कृति एवं युवा विभाग पटना तथा जिला प्रशासन सुपौल के संयुक्त तत्वावधान में मंगलवार को नगर भवन में बसंत महोत्सव 2025 का भव्य आयोजन किया गया। इस अवसर पर विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, जिन्होंने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
महोत्सव की शुरुआत आगंतुकों के स्वागत से हुई, जहां अतिथियों को पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मानित किया गया। इसके बाद दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया गया। दीप प्रज्ज्वलन समारोह में सांसद दिलेश्वर कामैत, पिपरा विधायक रामविलास कामत, नगर परिषद अध्यक्ष राघवेंद्र झा राघव, एसपी शैशव यादव, एसडीओ इंद्रवीर कुमार सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सांसद दिलेश्वर कामैत ने कहा कि पहले सिर्फ लोरिक महोत्सव और तिलहेश्वर महोत्सव का आयोजन होता था, लेकिन अब राज्य सरकार स्थानीय प्रतिभाओं को मंच देने के लिए विभिन्न महोत्सव आयोजित कर रही है। उन्होंने कहा कि यह महोत्सव संस्कृति से जुड़ने और कलाकारों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का एक बेहतरीन अवसर है।
पिपरा विधायक रामविलास कामत ने कहा कि इस प्रकार के महोत्सव छिपी हुई प्रतिभाओं को मंच प्रदान करते हैं और लोगों को स्थानीय संस्कृति से जोड़े रखने में अहम भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम का शुभारंभ उर्वसी ठाकुर द्वारा प्रस्तुत सरस्वती वंदना से हुआ। इसके बाद संत जेवियर्स स्कूल के बच्चों ने समूह नृत्य प्रस्तुत कर दर्शकों का मन मोह लिया।
इसके अलावा, शबनम सरदार, प्रखर कुमार, ज्ञानेश कुमार, कल्पना मंडल, खुर्शीद आलम, जुही कुमारी, अर्पिता अनन्या, तेजस्वनी कुमारी, ऋषभ झा, राधेश्याम पब्लिक स्कूल और आरएसएम पब्लिक स्कूल के छात्रों ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से हॉल में बैठे लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
इस अवसर पर खेल पदाधिकारी गयानंद यादव, कला संस्कृति पदाधिकारी तारकेश्वर पटेल, मनीष सिंह, धर्मेंद्र सिंह पप्पू, राजा हुसैन, जियाउर रहमान, गगन ठाकुर, रामजी प्रसाद सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
महोत्सव में शामिल अतिथियों और दर्शकों ने इस आयोजन की सराहना की और इसे स्थानीय संस्कृति और कला को बढ़ावा देने की दिशा में एक सराहनीय पहल बताया। इस भव्य आयोजन के माध्यम से जिले के उभरते कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का सुनहरा अवसर मिला, जिससे वे भविष्य में राष्ट्रीय स्तर तक अपनी पहचान बना सकते हैं।
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